डॉ रागिनी गुप्ता, संपादक {हरिद्वार}
4 अक्टूबर, 2026
कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता आलोक शर्मा ने अर्द्धकुंभ के लिए जारी बजट के कथित दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए निर्माण कार्यों में पारदर्शिता और गुणवत्ता सुनिश्चित करने की मांग की है। प्रेस क्लब में पत्रकारों से वार्ता करते हुए उन्होंने कहा कि कुंभ से जुड़े निर्माण कार्यों में निष्पक्षता और पारदर्शिता नहीं अपनाई जा रही है। उन्होंने सरकार से पूरे मामले में श्वेत पत्र जारी करने की मांग की। आलोक शर्मा ने आरोप लगाया कि राज्य और केंद्र सरकार की कथित लापरवाही के कारण अर्द्धकुंभ के लिए जारी 709 करोड़ रुपये के बजट का समुचित उपयोग नहीं हो रहा है। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्यों को लेकर भाजपा के पार्षद भी सवाल उठा रहे हैं। ऐसे में सरकार को सभी कार्यों और खर्च का सार्वजनिक ब्यौरा सामने रखना चाहिए।
ज्वालापुर-बहादराबाद को विकास कार्यों से दूर रखने पर सवाल
कांग्रेस प्रवक्ता ने ज्वालापुर और बहादराबाद क्षेत्रों को अर्द्धकुंभ के विकास कार्यों से पर्याप्त रूप से नहीं जोड़े जाने पर भी सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि सीतापुर, रवि विहार, ब्रह्मपुरी, शिव विहार, आन्नेकी और रोशनाबाद सहित कई क्षेत्रों में सड़कों की स्थिति खराब है। अनेक कॉलोनियों में अब तक सीवर लाइन की सुविधा नहीं है। उन्होंने कहा कि कई स्थानों पर पानी की टंकियां तो बना दी गई हैं, लेकिन लोगों को पानी के कनेक्शन उपलब्ध नहीं कराए गए हैं। उनका कहना था कि कुंभ बजट से इन क्षेत्रों में भी बुनियादी सुविधाओं के विकास पर काम होता तो स्थानीय लोगों को इसका सीधा लाभ मिलता।
निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर भी उठाए सवाल
आलोक शर्मा ने चल रहे निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए कहा कि प्रत्येक कार्यस्थल पर साइन बोर्ड लगाए जाने चाहिए। इन बोर्डों पर संबंधित अधिकारियों के मोबाइल नंबर और कार्यदायी संस्था का नाम स्पष्ट रूप से अंकित किया जाना चाहिए, ताकि किसी भी शिकायत की स्थिति में जिम्मेदारी तय हो सके। उन्होंने थर्ड पार्टी ऑडिट की रिपोर्ट सार्वजनिक करने की मांग भी की। आरोप लगाया कि कुछ मामलों में निर्माण कार्य पहले कराए जा रहे हैं और उनके टेंडर बाद में किए जा रहे हैं। उन्होंने सरकार से ऐसे सभी मामलों की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की। आलोक शर्मा ने कहा कि अर्द्धकुंभ आस्था का पर्व है और इससे जुड़े निर्माण कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या खानापूर्ति स्वीकार नहीं की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि कुंभ के नाम पर होने वाले कार्यों में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है। पत्रकार वार्ता के दौरान ग्रामीण जिला अध्यक्ष बालेश्वर सिंह, सोम त्यागी, मनोज सैनी, सुरेश राणा, निर्मल सोनी, विकास चंद्रा और सीएल यूदेव सहित कांग्रेस के अन्य नेता एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।

